ढाक बजाकर बर्नपुर में खंभ पूजा की शुरुआत मंत्री अग्निमित्रा पाल ने दिया बड़ा संदेश

ढाक बजाकर बर्नपुर में खंभ पूजा की शुरुआत मंत्री अग्निमित्रा पाल ने दिया बड़ा संदेश

दुर्गा प्रतिमा के पारंपरिक स्वरूप से छेड़छाड़ स्वीकार्य नहीं: अग्निमित्रा पाल

पूजा मंडप की पवित्रता बनाए रखने की अपील, मंडप में मांसाहार और जूते-चप्पल से बचने का संदेश

नवविकास दुर्गापूजा कमेटी की खंभ पूजा में मंत्री ने बजाया ढाक, महिलाओं ने किया नृत्य

ढाक बजाकर बर्नपुर में खंभ पूजा की शुरुआत, मंत्री अग्निमित्रा पाल ने दिया बड़ा संदेश

बर्नपुर, 30 अगस्त: थीम पूजा के नाम पर देवी दुर्गा के पारंपरिक स्वरूप में किसी भी तरह की विकृति स्वीकार्य नहीं है। साथ ही पूजा मंडप के भीतर मांसाहारी भोजन और जूते-चप्पल के इस्तेमाल से बचते हुए मंडप की पवित्रता बनाए रखनी चाहिए। यह संदेश राज्य की नगर एवं शहरी विकास मंत्री अग्निमित्रा पाल ने रविवार को आसनसोल के बर्नपुर में दिया।

मंत्री बर्नपुर की नवविकास दुर्गापूजा कमेटी की खंभ पूजा के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुईं और विधिवत पूजा के साथ दुर्गोत्सव की तैयारियों का शुभारंभ किया। मंत्रोच्चार और धार्मिक रीति-रिवाजों के बीच खंभ पूजा संपन्न हुई। कार्यक्रम में क्लब के सदस्यों के साथ बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी मौजूद रहे।

कार्यक्रम के दौरान अग्निमित्रा पाल ने अपने अंदाज में ढाकियों से ढाक लेकर खुद बजाना शुरू कर दिया। मंत्री के ढाक की थाप पर पूजा कमेटी की महिला सदस्यों ने उत्साह के साथ नृत्य किया।

बाद में पत्रकारों से बातचीत में अग्निमित्रा पाल ने कहा कि दुर्गापूजा बंगाल का सबसे बड़ा उत्सव है और ऐसे शुभ अवसर पर नवविकास क्लब के साथ शामिल होकर वह खुद को गौरवान्वित महसूस कर रही हैं। उन्होंने क्लब की ओर से उन्हें चीफ पैट्रन बनाए जाने के लिए सदस्यों का धन्यवाद भी किया।

मंत्री ने कहा कि दुर्गापूजा सिर्फ एक धार्मिक त्योहार नहीं, बल्कि बंगाल की भावना, संस्कृति और परंपरा से गहराई से जुड़ा हुआ है। उन्होंने उम्मीद जताई कि नवविकास क्लब की यह पहल आने वाले दिनों में और बड़े स्तर पर लोगों के बीच उत्सव का आनंद फैलाएगी।

थीम पूजा की संस्कृति और नियमों को लेकर भी अग्निमित्रा पाल ने स्पष्ट संदेश दिया। उन्होंने कहा कि लोगों के निजी खान-पान पर कोई रोक नहीं है, लेकिन देवी प्रतिमा की प्राण-प्रतिष्ठा के मुख्य स्थान यानी पूजा मंडप के अंदर परंपरा और धार्मिक मर्यादा बनाए रखना जरूरी है।

दुर्गापूजा के लिए सरकारी अनुदान के सवाल पर अग्निमित्रा पाल ने कहा कि इस संबंध में अंतिम निर्णय मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी लेंगे और पूजा आयोजक भी सरकार के किसी भी फैसले को मानने के लिए तैयार हैं।

इसके साथ ही उन्होंने दुर्गोत्सव के दौरान आसनसोल शहर में सड़क, निकासी व्यवस्था और पेयजल सेवा को सुचारू बनाए रखने तथा शहरवासियों को बेहतर सुविधाएं देने का भरोसा दिलाया।