सड़क पर वसूली करना सिविक वॉलिंटियर को पड़ा महंगा, हुआ सस्पेंड, अधिकारी पर कार्यवाही क्यों नहीं ?

सड़क पर वसूली करना सिविक वॉलिंटियर को पड़ा महंगा, हुआ सस्पेंड, अधिकारी पर कार्यवाही क्यों नहीं ?
सड़क पर वसूली करना सिविक वॉलिंटियर को पड़ा महंगा, हुआ सस्पेंड, अधिकारी पर कार्यवाही क्यों नहीं ?

आसनसोल : डीबुडीह चेकपोस्ट से लेकर दुर्गापुर तक, विभिन्न राष्ट्रीय राजमार्ग के मोड़-चौराहों समेत अन्य सड़क पर भी बड़े-बड़े वाहनों से वसूली का खेल धड़ल्ले से जारी है। यह और कोई नहीं, बल्कि पुलिस अधिकारियों की शह पर सिविक वॉलिंटियर कर रहे है। हालांकि मामला बिगड़ जाए तो पुलिस अधिकारी अपना पल्ला झाड़ लेते है और सिविक वॉलिंटियर को इसका दंड भुगतना पड़ता है। वहीं पैसे न देने पर वाहन चालकों को धमकी मिलती है, मारपीट का शिकार होना पड़ता है, इतना ही नहीं, उक्त सिविक वॉलिंटियर इन वाहनों को विभिन्न कारणों से बीएलएंडएलआरओ विभाग के पास फंसा देते है। इसी तरह का एक मामला रानीगंज के रानीसायर इलाके से सामने आया हैं। जहां बालू लदे ट्रक से वसूली करने का एक वीडियो धड़ल्ले से वायरल हो गया है। इस घटना के बाद पुलिस विभाग ने देर न करते हुए उक्त सिविक वॉलिंटियर को सस्पेंड कर जांच बैठा दी है। लेकिन सवाल यह उठता है कि क्या इस सिविक वॉलिंटियर की इतनी हिम्मत है कि वो बिना किसी पुलिस अधिकारी के निर्देश के बिना वो ऐसा कर सकता है? क्या ऐसा करते समय मौजूद पुलिस अधिकारी ने उसे रोका नहीं? अगर रोका तो फिर तत्काल उसके खिलाफ कोई कार्यवाही क्यों नहीं हुई? ऐसे कई सवाल है, जो सिविक वॉलिंटियर को सस्पेंड करने के बाद उठ रब है। मालूम हो कि बीती शनिवार की रात बालू लदा वाहन गुजरता है, रानीसायर मोड़ पर सोमनाथ नामक सिविक वॉलिंटियर उसे रोकता है। वायरल हुए वीडियो और वीडियो बनाने वाले ट्रक चालक की माने तो उक्त सिविक वॉलिंटियर ने पहले पैसे मांगे, पैसे नही देने पर उसने धमकी दी, फिर मारपीट की बात की, फिर बदसलूकी की। वीडियो और चालक की माने तो सिविक वॉलिंटियर ने काफी गलत व्यवहार किया। जिसका वीडियो चालक ने बनाया। वीडियो में देखा जा रहा है कि इस घटनाक्रम में उक्त सिविक वॉलिंटियर अचानक गुस्से में आ जाता है और अपनी वर्दी उतारकर चालक की पिटाई करने के लिए आगे बढ़ता है। जिसे मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारी उक्त सिविक वॉलिंटियर को रोकने की कोशिश करता है। यह सब वायरल वीडियो में साफ दिख रहा है। जिसके बाद वीडियो वायरल हुआ और सिविक वॉलिंटियर सस्पेंड हो गया। लेकिन मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारी पर कोई कार्यवाही नहीं हुई। ऐसा क्यों, यह समझ से परे है। लेकिन इतना जरूर है कि सिविक वॉलिंटियर की इतनी हिम्मत नहीं है, यहां काफी हद तक हेरफेर है? क्या कार्यवाही यही रुकेगी या फिर मौजूद अधिकारियों पर गाज गिरेगी, यह समय ही बताएगा!